मई के महीने में भारत में खूब बारिश हुई है. इस बारे में मौसम विभाग ने कहा है कि, मई महीने में सबसे अधिक बारिश के मामले में 121 साल बाद ऐसा हुआ है. इस बार मई महीने में अधिकतम तापमान 34.18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो 1901 के बाद चौथा सबसे कम तापमान था. मौसम विभाग ने इसके पीछे लगातार दो चक्रवात और पश्चिम विक्षोभ को कारण बताया है.

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पीटीआई के मुताबिक, IMD ने कहा है कि, अब तक सबसे कम तापमान 1917 में 32.68 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था. इस बार मई में देश के किसी भी भाग में लू नहीं चली. देश में मई महीने में 107.9 मिमी बारिश हुई है. ये औसत 62 मिमी बारिश से ज्यादा है. इससे पहले 1990 में सबसे अधिक बारिश 110.7 मिमी हुई थी.

आपको बता दें, मई में अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में चक्रवात आए थे. अरब सागर में चक्रवात 'ताउते' और बंगाल की खाड़ी में 'यास' चक्रवात आया. इसका असर कई राज्यों में दिखा.

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आईएमडी ने कहा कि 2021 की गर्मियों के तीनों महीनों में उत्तर भारत के ऊपर पश्चिम विक्षोभ की गतिविधियां सामान्य से ज्यादा रही.

हालांकि पश्चिमी विक्षोभ की इन गतिविधियों की वजह से न केवल पश्चिमी और पूर्वी तटों के राज्यों में बल्कि देश के अन्य हिस्सों में भी काफी बारिश हुई. चक्रवाती हवाएं कमजोर होने के साथ-साथ उत्तर भारत की तरफ बढ़ गईं और वहां कई हिस्सों में जबरदस्त बारिश देखने को मिली. वहीं, यास चक्रवात के कमजोर पड़ने के साथ झारखंड, बिहार सहित पूर्वी भारत में बारिश हुई.

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