नयी दिल्ली 23 मई (भाषा) दिल्ली पुलिस ने लोगों में कोविड-19 के नियमों के प्रति जागरुकता फैलाने के उद्देश्य से रविवार को एक अनूठा तरीका अपनाया।

दिल्ली पुलिस ने एक विशेष अभियान चलाया जिसमें कोविड-19 संबंधी दिशा-निर्देशों का उल्लंघन कर रहे लोगों का चालान काटने के बजाए पुलिसकर्मियों ने उन्हें मास्क, दस्ताने, फूल और पर्चे देकर इस जानलेवा वायरस के प्रति जागरुक किया।

पुलिसकर्मियों ने जगह-जगह घोषणाएं भी कीं और नियमों का उल्लंघन करने वालों को कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करने का वचन भी दिलवाया।

पुलिस अधिकारियों ने कहा कि इस अभियान के तहत उनका उद्देश्य चालान काटने की बजाए सभी 15 जिलों में लोगों को कोविड-19 संबंधी प्रोटोकॉल का पालन करने के लिए प्रेरित करना रहा।

अधिकारियों ने कहा, ‘‘नियमों का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना लगाने और अन्य कार्रवाई करना जारी रहेगा, लेकिन आज विशेष रूप से जागरुकता फैलाने की ओर ध्यान दिया गया।’’

पुलिसकर्मियों को निर्देश दिए गए कि वे नियमों का उल्लंघन करने लोगों से सख्ती से नहीं बल्कि विनम्रता से उन्हें मास्क, दस्ताने और फूल देकर जागरुक करें।

दक्षिण-पूर्व दिल्ली के पुलिस उपायुक्त आर. सत्यसुंदरम ने कहा, ‘‘दिल्ली में कोविड-19 के मामलों में कमी आ रही है, इसलिए सरकार आगामी कुछ दिनों में प्रतिबंधों में ढील दे सकती है। लोगों का आवागमन दोबारा बढ़ेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि महामारी की तीसरी लहर के आने की भी आशंका है, जोकि इससे भी खतरनाक हो सकती है। इसलिए लोगों में जागरुकता फैलाना बेहद आवश्यक है। आज हमने फैसला किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले लोगों का चालान नहीं काटा जाएगा बल्कि उन्हें मास्क और दस्ताने देकर इस महामारी के प्रति जागरुक किया जाएगा।’’

दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के पुलिस उपायुक्त इंगित प्रताप सिंह ने अन्य पुलिसकर्मियों के साथ इलाके की सड़कों और गलियों में गश्त लगाई तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों को फूल देकर उन्हें कोविड-19 के प्रति जागरुक किया।

दिल्ली के अन्य इलाकों में भी पुलिसकर्मियों ने इसी तरह की पहल कर लोगों को कोविड-19 के प्रति जागरुक किया।