अखिल भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के अधिकारियों को 31 जनवरी तक अचल संपत्तियों का ब्योरा देने को कहा गया है, ऐसा नहीं करने पर उनके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है. कार्मिक मंत्रालय ने इस संबंध में आदेश जारी किया है.

आदेश में कहा गया है कि नियमानुसार इस सेवा के हर सदस्य को 31 जनवरी तक वार्षिक रिटर्न दाखिल करते हुए संपत्ति का पूरा ब्योरा देना है. आदेश के अनुसार इस संपत्ति में विरासत में मिली अचल संपत्ति , खरीदी गई या अधिग्रहीत की गई या लीज और गिरवी के तौर पर प्राप्त संपत्ति, अपने अलावा परिवार के सदस्य के नाम पर या अन्य व्यक्ति के नाम वाली संपत्ति का ब्योरा देना होगा.

बुधवार को जारी इस आदेश में कहा गया है, ‘‘ सेवा के सदस्यों के उपरोक्त प्रावधानों पर खरा नहीं उतरने को उनके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही या अन्य कार्यवाही के लिए पर्याप्त एवं यथेष्ठ कारण माना जाएगा.’’

मंत्रालय ने कहा कि ब्योरा जमा करने के लिए कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग ने आईएएस अधिकारियों के संदर्भ में अचल संपत्ति रिटर्न (आईपीआर) फाइल करने के लिए मॉड्यूल के माध्यम से ऑनलाइन सुविधा शुरू की है.

विभाग की प्रतिष्ठान अधिकारी एवं अवर सचिव श्रीनिवास आर कतिकिथाला द्वारा जारी आदेश में कहा गया है, ‘‘ इस मॉड्यूल के माध्यम से अधिकारी इलेक्ट्रोनिक तरीके से आईपीआर दाखिल कर सकते हैं या हाथ से भरे गये आईपीआर की प्रति अपलोड कर सकते हैं. ’’

यह ऑनलाइन मॉड्यूल 31 जनवरी, 2021 को स्वत: ही बंद हो जाएगा. अधिकारियों को अपने कैडर या विभाग को मूल प्रति भेजने की जरूरत नहीं है.

विभाग के अनुसार देश में इस वक्त 5,205 आईएएस अधिकारी कार्यरत हैं जबकि स्वीकृत संख्या 6,715 है.