महाराष्ट्र सरकार ने शुक्रवार को कहा कि मुंबई पुलिस को अभिनेत्री कंगना रनौत पर लगाए गए ड्रग्स के सेवन के आरोप की जांच करने को कहा गया है. वहीं, इस बॉलीवुड अदाकारा ने मामले में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को घसीटते हुए कहा कि उन्हें हस्तक्षेप करना चाहिए और महिलाओं का उत्पीड़न रोकना चाहिए.

पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि मुंबई पुलिस को इस सिलसिले में राज्य के गृह विभाग से एक पत्र प्राप्त हुआ है जिसमें कंगना पर लगाए गए मादक पदार्थ के सेवन के आरोप की जांच करने को कहा गया है. इस विषय की जांच अपराध शाखा करेगी.

महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने मंगलवार को कहा था कि मुंबई पुलिस अभिनेता अध्ययन सुमन के इन आरोपों की जांच करेगी कि कंगना मादक पदार्थों का सेवन करती थीं.

देशमुख ने कहा था कि अभिनेता शेखर सुमन के बेटे अध्ययन ने एक साक्षात्कार में यह आरोप लगाया था.

कुछ साल पहले अध्ययन और कंगना के बीच संबंध थे.

अधिकारी ने बताया कि शिवसेना विधायक प्रताप सरनाइक ने गृह विभाग को एक पत्र लिखकर अध्ययन के आरोप का जिक्र किया था. इस पत्र पर संज्ञान लेते हुए विभाग ने पुलिस से जांच करने को कहा है.

उल्लेखनीय है कि कंगना ने मुंबई की तुलना ‘पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर’(POK) से की थी, उनकी यह टिप्पणी महाराष्ट्र में गठबंधन सरकार का नेतृत्व कर रही शिवसेना को नागवार गुजरी. इसके बाद, अभिनेत्री और मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे नीत शिवसेना के बीच जुबानी जंग छिड़ गई है.

उधर, मामले में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को घसीटते हुए कंगना ने कहा कि उनकी ‘‘चुप्पी और बेरुखी’’ पर इतिहास फैसला करेगा.

महाराष्ट्र में कांग्रेस, शिवसेना और राकांपा के साथ गठबंधन सरकार में शामिल है.

अभिनेत्री ने ट्वीट किया, ‘‘प्रिय एवं सम्मानीय कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, क्या एक महिला होने के नाते आपको महाराष्ट्र में आपकी सरकार द्वारा मेरे साथ किए गए व्यवहार पर गुस्सा नहीं आता? क्या आप अपनी सरकार से अनुरोध नहीं कर सकतीं, कि वह डॉ. आंबेडकर के दिए संविधान के सिद्धांतों को बरकरार रखे?’’

उन्होंने कहा कि गांधी पश्चिम में पली-बढ़ी हैं और भारत में रही हैं. वह महिलाओं के संघर्षों के बारे में जानती होंगी.

कंगना ने एक अन्य ट्वीट किया, ‘‘जब आपकी अपनी सरकार महिलाओं का उत्पीड़न कर रही है और कानून-व्यवस्था का मजाक उड़ा रही है, तब ऐसे में आपकी चुप्पी एवं बेरुखी के लिए इतिहास आपके बारे में फैसला करेगा. मैं उम्मीद करती हूं कि आप हस्तक्षेप करेंगी.’’

उल्लेखनीय है कि बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने बुधवार को 33 वर्षीय अभिनेत्री के कार्यालय में किए गए कथित अवैध निर्माण को ढहा दिया था.