पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को बिना किसी का नाम लिए हुए कहा कि वह देश को बांटने की इजाजत नहीं देंगी और वह लोगों के लिए काम करती रहेंगी और उनके लिए ही जियेंगी और मरेंगी.

कोलकाता के बाबूघाट इलाके में गंगासागर तीर्थयात्रियों के लिए विश्राम शिविर का उद्घाटन करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि महान नेता सभी लोगों के साथ एक जैसा व्यवहार करते हैं. तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि आजादी के बाद से ही देश ने कई समस्याओं का सामना किया लेकिन देश का बंटवारा नहीं हुआ. उन्होंने कहा, ‘‘ मैं देश को तोड़ने और बांटने की इजाजत नहीं दूंगी. मैं लोगों के लिए जियूंगी, उनके लिए काम करूंगी और यहां तक कि आम लोगों के लिए ही मरूंगी.’’

स्वामी विवेकानंद की जयंती की पूर्व संध्या पर बनर्जी ने कहा कि उन्होंने कहा था कि भारत में किसान, मोची और दलित समेत सभी वर्गों के नेता होंगे.

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