डेंगू नाम की बीमारी मच्छरों के काटने से होती है और यह छूआछूत से फैलती है. इसमें मरीज को दर्द होता है और साथ ही कमजोरी भी काफी हो जाती है. डेंगू वायरल बीमारी है जो अक्सर मच्छर के काटने से हो जाता है. डेंगू मच्छर गंदे पानी के बजाए साफ पानी में नजर आता है इसलिए घर के अंदर या आसपास पानी बिल्कुल नहीं जमने दें. बरसात के मौसम में गमलों, कूलरों, टार जैसी चीजों में भी मच्छर इकट्ठा होते हैं और फिर बीमारी की शुरुआत हो सकती है. 

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डेंगू से क्या हैं लक्षण? 

साधारण डेंगू बुखार - ठंड देकर तेज बुखार आ आ जाना, इसके साथ ही सिर और मांसपेशियों में भीषण दर्द होना, आंखों के पिछले हिस्से में दर्द होना, भूख नहीं लगना, जी मिचलाना और मुंह का स्वाद खराब हो जाना डेंगू के सबसे तेजी से पकड़े जाने वाले लक्षण हैं. क्लासिकल साधारण डेंगू बुखार 5 से 7 दिन तक रहने के बाद ठीक हो जाता है.

हैमरेजिक डेंगू बुखार - इसमें नाक और मसूड़ों से खून आने लगता है और शौच या उल्टी में भी खून आना शुरु हो जाता है. स्किन पर गहरे नीले-काले रंग के छोटे-छोटे चकत्ते पड़ने लगते हैं. अगर क्लासिकल साधारण डेंगू बुखार के लक्षणों के साथ ये लक्षण भी दिखाई देते हैं तो उनका ब्लड टेस्ट सबसे पहले करवाएं.

डेंगू शॉक सिंड्रोम (DSS) - इस बुखार में DHFके लक्षणों के साथ ही शॉक अवस्था के कुछ लक्षण दिखाई देते हैं. जिसमें मरीज को बेचैनी होती है और ठंड देकर तेज बुखार आ जाता है. मरीज की नाड़ी कभी तेज तो कभी धीमी चलने लगती है और इसमें ब्लड प्रेशर भी लो हो जाता है.

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इस तरह से करें डेंगू से बचाव

डेंगू एक ऐसी बीमारी है जिसमें बहुत से लोगों की जान चली जाती है और कबी-कभी लोगों को इसके बारे में जानकारी ना होने के कारण भी अपना बचाव नहीं कर पाते हैं. मगर मेरी आपको सलाह है कि डेंगू के लक्षण नजर आते ही डॉक्टर से कंसर्न करना चाहिए क्योंकि इस बीमारी से ज्यादा समय तक घरेलू उपचार से नहीं लड़ा जा सकता. लेकिन अगर आपने इसका इलाज डॉक्टर को कराना शुरु कर दिया है तो इन घरेलू उपचारों से आप कंट्रोल में रह सकते हैं.

1. खाने में जितना हो सके विटामिन सी से भरपूर चीजें खाएं. विटामिन सी आपको स्वस्थ रखने मेंं मदद करता है और ये रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है.

2. किसी भी रूप में हल्दी जरूर खाएं. इसे आप खाली हल्दी के रूप में भी खा सकते हैं या फिर सब्जी, खिचड़ी या फिर शहद के साथ भी ले सकते हैं. इसके अलावा हल्दी वाला दूध खूब फायदा करता है.

3. तुलसी और शहद को मिलाकर रोज खाएं ये डेंगू से बचाव में फायदा करता है. इसके लिए तुलसी को पानी में उबालर उसमें शहद मिलाकर पिएं.

4. डेंगू में पपीता रामबाण इलाज होता है. पपीते के पत्ते का रस निकालकर दिन में दो बार लगभग 2 से 3 चम्मच की मात्रा में लें इससे भी डेंगू में बचाव होता है.

5. डेंगू बुखार के दौरान शरीर में जो खून की कमी हो जाती है उसे अनार पूरा कर देता है. इसमें विटामिन ई, सी, ए और फोलिक एसिड पाया जाता है जो सेहत के लिए फायदेमंद होता है.

6. डेंगू होने पर आपको बाहर का कुछ भी नहीं खाना चाहिए, और हमेशा हाईजेनिक भोजन ली लेना चाहिए क्योंकि इस बीमारी में गंदगी बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं हो पाती और फिर इसका असर आपकी सेहत पर पड़ने लगेगा.

डिस्क्लेमर- डेंगू बीमारी काफी खतरनाक मानी जाती है. अगर आपको खुद में या किसी में डेंगू के लक्षण दिखते हैं तो डॉक्टर से परामर्श के बाद ही कोई दवा या नुस्खे का सेवन करें.

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