मुंबई, 25 मई (भाषा) मुंबई साइबर पुलिस ने गैर कानूनी तरीके से फोन टैप करने और कथित तौर पर पुलिसकर्मियों की तैनाती से संबंधित संवेदनशील दस्तावेजों के सार्वजनिक होने के मामले में भारतीय पुलिस सेवा की वरिष्ठ अधिकारी रश्मि शुक्ला के बयान दर्ज किए हैं।

अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि शुक्ला के बयान पिछले सप्ताह हैदराबाद में दर्ज किए गए जहां वह फिलहाल केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) दक्षिण जोन में अतिरिक्त महा निदेशक के पद पर तैनात हैं।

मुंबई के बीकेसी साइबर पुलिस थाने का एक दल 19और 20 मई को हैदराबाद में था। अधिकारी ने बताया कि शुक्ला ने इस संबंध में दर्ज प्राथमिकी में लगाए गए आरोपों से इनकार किया है।

गौरतलब है कि महाराष्ट्र खुफिया विभाग की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत पर इस वर्ष मार्च में मुंबई के बीकेसी साइबर पुलिस थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ कथित तौर पर गैर कानूनी तरीके से फोन टैप करने और गोपनीय दस्तावेजों को सार्वजनिक करने का मामला सरकारी गोपनीयता अधिनियम के तहत दर्ज किया गया था।

कथित तौर पर फोन टैप करने के ये मामले तब के हैं जब शुक्ला राज्य खुफिया विभाग की प्रमुख थीं।

भाजपा नेता देवेन्द्र फडणवीस ने कथित तौर पर शुक्ला के द्वारा महाराष्ट्र के तत्कालीन पुलिस महा निदेशक को लिखे पत्र का जिक्र किया था जिसमें पुलिस स्थानांतरण में धांधली के आरोप थे।

इस पत्र में फोन टैप करने का भी ब्योरा था, जिसके बाद सत्तारूढ़ शिवसेना नीत गठबंधन के नेताओं ने आरोप लगाए थे कि शुक्ला ने अनुमति लिए बगैर फोन टैप किए थे।