PM Narendra Modi ने बुधवार को प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत उत्तर प्रदेश के 6.1 लाख लाभार्थियों को करीब 2691 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता राशि जारी की. वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से आयोजित इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने रिमोट कंट्रोल का बटन दबाकर योजना के लाखों लाभार्थियों के लिए वित्तीय सहायता जारी की.

इस मौके पर पीएम मोदी ने कहा, पहले जो सरकारें रही उस दौरान उत्तर प्रदेश में क्या स्थिति थी ये आप सभी ने देखा है. गरीब को ये विश्वास ही नहीं था कि सरकार भी घर बनाने में उसकी मदद कर सकती है. जो पहले की आवास योजनाएं थीं, जिस तरह से घर उनके तहत बनाएं जाते थें, वो भी किसी से छिपा नहीं है.

उन्होंने कहा, देश ने आज़ादी के 75 वर्ष पूरे होने तक हर गरीब परिवार को पक्का घर देने का लक्ष्य तय किया था. बीते वर्षों में लगभग दो करोड़ घर सिर्फ ग्रामीण इलाकों में बनाए गए हैं. अकेले प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत भी करीब सवा करोड़ घरों की चाबी लोगों को दी जा चुकी है.

केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर और उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए.

इस वित्तीय सहायता में 5.30 लाख लाभार्थियों को पहली किस्त और 80 हजार लाभार्थियों को जारी दूसरी किस्त शामिल है. ये 80 हजार लाभार्थी पहली किस्त का लाभ ले चुके हैं.

प्रधानमंत्री मोदी ने 2022 तक सभी के लिए पक्के मकान का आह्वान किया था. इसी सिलसिले में प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना की शुरुआत वर्ष 2016 में की गई थी. अब तक इस योजना के तहत देश भर में 1.26 करोड मकान बनाए जा चुके हैं.

इस योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों के आर्थिक रूप से कमज़ोर वर्गों के लोगों को खुद का पक्का घर बनाने के लिए तथा पुराने घर की मरम्मत के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है. समतल भूमि पर पक्का घर बनाने के लिए केंद्र सरकार 1,20 000 रुपये की आर्थिक सहायता जबकि पहाड़ी इलाकों में पक्के घर के निर्माण के लिए 1,30,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करती है.

प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के लाभार्थियों को सहायता राशि के अलावा महात्‍मा गांधी राष्‍ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत अकुशल श्रमिक की मजदूरी के रूप में सहायता और स्‍वच्‍छ भारत मिशन ग्रामीण या किसी अन्‍य स्रोत से शौचालय के निर्माण के लिए 12 हजार रुपए की सहायता राशि दी जाती है.

इस योजना में भारत सरकार, राज्‍य सरकार तथा केन्‍द्र शासित प्रदेशों के कई कार्यक्रमों और प्रधानमंत्री उज्‍ज्‍वला योजना के तहत रसोई गैस कनेक्‍शन, बिजली कनेक्‍शन और जल जीवन मिशन के तहत स्‍वच्‍छ पेयजल उपलब्‍ध कराने का भी प्रावधान किया गया है.

(इनपुट पीटीआई से भी)