कानपुर के मुख्‍य डाकघर से अंडरवर्ल्‍ड माफ‍िया डॉन छोटा राजन और मारे जा चुके कुख्यात गैंगस्‍टर मुन्‍ना बजरंगी की तस्‍वीरों वाले डाक टिकट जारी किये जाने के बाद विभाग ने इस मामले में प्रथम दृष्‍टया जिम्‍मेदार पाये जाने पर एक विभागीय कर्मी को निलंबित कर दिया है.

डाक विभाग के एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि शहर के मुख्‍य डाकघर में छोटा राजन और बजरंगी की तस्‍वीरों के साथ डाक टिकट जारी किये गये. राजन और बजरंगी के 12-12 टिकट ‘माई स्‍टैंप’ योजना के तहत छापे गये और विभाग ने इन्हें जारी भी किया. पोस्‍टमास्‍टर जनरल वीके वर्मा ने छोटा राजन और मुन्‍ना बजरंगी की तस्‍वीरों वाले डाक टिकट जारी करने में हुई चूक को स्‍वीकार किया. वर्मा ने कहा कि अनियमितता और खामियों की जांच शुरू कर दी गई है. वर्मा ने कहा, ''डाक टिकट जारी करने से पहले पहचान की जो आवश्‍यक प्रक्रिया है, उसका अनुपालन किये बिना ही जिम्‍मेदार कर्मी ने डाक टिकट जारी कर दिए.''

उन्‍होंने बताया कि इस मामले में प्रथम दृष्‍टया डाकघर के फ‍िलाटेली (डाक टिकट-संग्रह) विभाग के प्रभारी रजनीश कुमार को निलंबित कर दिया गया है. पोस्‍टमास्‍टर जनरल ने कहा, '' हमने इस संबंध में कुछ अन्‍य कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस भी जारी किये हैं.'' उन्‍होंने कहा कि भविष्य में ऐसी गलती न हो, यह सुनिश्चित करने के लिए सख्‍त कदम उठाने का फैसला किया गया है. विभाग द्वारा कुछ वर्ष पूर्व शुरू की गई ‘माई स्‍टैंप’ योजना के तहत कोई भी व्‍यक्ति 300 रुपये का भुगतान कर अपनी या अपने परिवार के सदस्‍यों की तस्‍वीर डाक टिकट पर मुद्रित करवाकर जारी करा सकता है.

उल्‍लेखनीय है कि छोटा राजन मुंबई की एक जेल में है और मुन्ना बजरंगी की 2018 में उत्‍तर प्रदेश की बागपत जेल में हत्‍या कर दी गई थी. बजरंगी पर भारतीय जनता पार्टी के विधायक कृष्‍णानंद राय समेत आधा दर्जन से अधिक लोगों की हत्‍या का आरोप था.