एक दिन की गिरावट के बाद शेयर बाजारों में बृहस्पतिवार को फिर तेजी आयी और बीएसई सेंसेक्स 409 अंक की अच्छी बढ़त के साथ 36,737.69 अंक पर बंद हुआ. वैश्विक बाजारों में तेजी के बीच निवेशकों ने वित्तीय और बैंक शेयरों में जोरदार लिवाली की जिससे बाजार में मजबूती आयी.

बंबई शेयर बाजार का तीस शेयरों पर आधारित सेंसेक्स कारोबार के दौरान एक समय 36,806.30 अंक के उच्च स्तर पर पहुंच गया था. लेकिन बाद में यह थोड़ा नीचे आया और अंत में 408.68 अंक यानी 1.12 प्रतिशत बढ़कर 36,737.69 अंक पर बंद हुआ.

बुधवार को सेंसेक्स 345.51 अंक की गिरावट के साथ 36,329.01 अंक पर बंद हुआ था. इससे पहले, पांच कारोबारी सत्रों में इसमें तेजी रही थी.

निफ्टी भी मजबूती पर बंद हुआ 

नेशनल स्टॉक एक्सचेचंज का निफ्टी भी 107.70 अंक यानी 1.01 प्रतिशत मजबूत होकर 10,813.45 अंक पर बंद हुआ.

दोनों सूचकांक का यह चार महीने का उच्चतम स्तर है.

इन कंपनियों के शेयर बढ़त में रहे 

सेंसेक्स के शेयरों में सर्वाधिक लाभ में बजाज फाइनेंस रही. इसमें 3.93 प्रतिशत की तेजी आयी. इसके अलावा एसबीआई, टाटा स्टील, एचडीएफसी, बजाज फिनसर्व, एचसीएलटेक और महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयर भी बढ़त में रहे.

मूल्य के हिसाब से एचडीएफसी, रिलायंस इंडस्ट्रीज और एचडीएफसी बैंक का सेंसेक्स की तेजी में सर्वाधिक योगदान रहा.

दूसरी तरफ ओएनजीसी, टेक महिंद्रा, टीसीएस, एचयूएल और मारुति के शेयरों में 1.66 प्रतिशत तक की गिरावट आयी.

विदेशी निवेश को लेकर बोले थे पीएम मोदी

इस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक कंपनियों को भारत में निवेश के लिये आकर्षित करते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि भारत दुनिया की सबसे अधिक खुली अर्थव्यवस्थाओं में से एक है जिसमें निवेशकों को अनुकूल और प्रतिस्पर्धी कारोबारी माहौल के साथ साथ व्यापक अवसर उपलब्ध हैं.

उन्होंने इंडिया ग्लोबल वीक 2020 को संबोधित करते हुये कहा कि भारत कोरोना वायरस महामारी के कारण लगाये गये ‘लॉकडाउन’ से बाहर आ रहा है जिसके बाद अर्थव्यवस्था में आर्थिक पुनरुद्धार के संकेत दिखने लगे हैं.

जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘कोरोना वायरस संक्रमण के फैलने को लेकर चिंता बढ़ने के बावजूद बाजार अर्थव्यवस्था में पुनरूद्धार पर नजर टिकाये हुए है. नकदी समर्थन के साथ निवेशकों की नजर कंपनियों के तिमाही परिणाम पर है.’’

उन्होंने कहा, ‘‘पिछली तिमाही में ‘लॉकडाउन’ के कारण आर्थिक गतिविधियां पूरी तरह से ठप होने के साथ निवेशकों का ध्यान कंपनियों के तिमाही नतीजे पर होगा ताकि वे परिदृश्य को समझ सके.’’

दुनिया भर में कारोबार में मजबूती रही

वैश्विक स्तर पर चीन का शंघाई, हांगकांग, जापान का तोक्यो और दक्षिण कोरिया के सोल में तेजी रही. यूरोप के प्रमुख बाजारों में भी शुरूआती कारोबार में मजबूती रही.

इस बीच, अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड का वायदा भाव 0.05 प्रतिशत मजबूत होकर 43.31 डालर प्रति बैरल पर पहुंच गया.

वहीं अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 3 पैसे मजबूत होकर 74.99 पर बंद हुआ.