शिरोमणि अकाली दल (SAD) के प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने शुक्रवार को कहा कि केंद्र सरकार को किसानों को बदनाम करना बंद करना चाहिए और अपने विवादास्पद कृषि कानूनों को निरस्त करने के तरीकों पर उनसे बातचीत करनी चाहिए.

शिअद अध्यक्ष ने यहां एक बयान में कहा कि केंद्र सरकार ने दिल्ली की सीमाओं पर भयंकर ठंड में खुले में रह रहे किसानों की पीड़ा के प्रति ''कठोर और असंवेदनशील रवैया'' अपनाया है.

शिअद नेता ने कहा, “इससे ऐसा लगता है कि सरकार तीन कृषि कानूनों के खिलाफ अपनी आवाज उठाने वाले किसानों को दंडित करना चाहती है. यही कारण है कि केंद्र ने ऐसी नीति अपनाई है जिसका मकसद किसानों को थका देना है.''

उन्होंने कहा, “किसानों को बदनाम करना केंद्र का एकमात्र मकसद रह गया है और ऐसी धारणा बना रही है कि वे जिद्द पर अड़े हुए हैं. जबकि सच्चाई यह है कि जिद्दी केंद्र सरकार है जो देश भर के किसानों के लिए अस्वीकार्य तीन कृषि कानूनों को रद्द करने से इनकार कर रही है.'

बादल ने कहा कि राजग सरकार बिना किसी एजेंडे या समय सीमा के गैर-विशिष्ट बातचीत के निमंत्रण को टालकर किसानों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ न करें.

उन्होंने कहा कि केंद्र को गंभीरता से तीनों कानूनों को निरस्त करने के तरीकों पर बातचीत करनी चाहिए.