बिहार विधानसभा नेता प्रतिपक्ष और आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने प्रदेश में कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण को लेकर नीतीश सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि सरकार को लगातार हमलोग सचेत कर रहे हैं. सरकार ने लॉकडाउन का सही उपयोग नहीं किया जिससे बिहार की ये स्थिति हुई है.

सरकार की मंशा पर सवाल उठाते हुए तेजस्वी ने कहा, राज्य सरकार कोरोना को लेकर न तो गंभीर है और न ही चिंतित है. आखिर सरकार हमारे दवाब में आने के बाद ही कोई बात क्यों मानती है? सरकार पहले से तैयार क्यों नहीं रहती है?

बिहार में बैठ गया है हेल्थ सिस्टम

तेजस्वी यादव ने कहा बिहार में हेल्थ सिस्टम पूरी तरह से बैठ गया है. यहां अस्पतालों में ऑक्सीजन नहीं, बेड नहीं, कोरोना मरीजों को बेड नहीं मिल रही और कोरोना जांच की संख्या भी नहीं बढ़ाई जा रही. उन्होंने कहा, राज्य में मृत्यु दर बढ़ता जा रहा है और सरकार द्वारा आंकड़े छिपाई जा रही है. केंद्र और राज्य सरकार के आंकड़े अलग-अलग दिख रहे हैं.

तेजस्वी यादव ने कोरोना रिपोर्ट पर आशंका जाहिर करते हुए कहा, मुख्यमंत्री का कोरोना रिपोर्ट 2 घंटे में आ जाता है, जबकि आम लोगों का रिपोर्ट 20 दिनों में आता है. तेजस्वी ने सवाल किया कि, सरकार को बताना चाहिए राज्य में कितने वेंटिलेटर है और पीपीई किट की स्थिती क्या है.

कुर्सी बचाने में लगी हुई है सरकार

तेजस्वी यादव ने कहा, नीतीश कुमार की इच्छाशक्ति ही नहीं है उन्होंने अपने हाथ खड़े कर दिए हैं. राज्य भगवान भरोसे चल रहा है और सरकार केवल औपचारिकता पूरी कर रही है. चुनाव लोगों की जान बचाने के लिए होता है लेकिन नीतिश सरकार कुर्सी बचाने में लगी हुई है. सरकार को न बाढ़ की चिंता है और न ही कोरोना की चिंता है. सरकार चुनाव के लिए तत्पर दिख रही है.

तेजस्वी पर बीजेपी का पलटवार

बिहार में बीजेपी के प्रवक्ता निखिल आनंद ने तेजस्वी यादव पर पलटवार किया है. उन्होंने कहा, इन दिनों तेजस्वी यादव प्रेस कॉन्फ्रेंस और मीडिया इंटरेक्शन में लगे हुए हैं. उनके प्रेस कॉन्फ्रेंस में शामिल हुए लोग कोरोना पॉजिटिव होने के बाद क्वॉरंटीन हैं. तेजस्वी लोगों से मिलकर भीड़ जुटा रहे हैं. वह खुद ही लोगों की जान को दांव पर लगा रहे हैं. तेजस्वी यादव को भी कोरोना टेस्ट करवा कर रिपोर्ट को सार्वजनिक करना चाहिए.