इटली का एक गांव करीब 26 साल के बाद झील से बाहर निकल आया. इटली की सरकार अब उम्मीद लगा रही है कि साल के अंत में या अगले साल की शुरुआत में इस मध्यकालीन ऐतिहासिक गांव को देखने के लिए पर्यटक जा सकेंगे. डेली मिरर में छपी रिपोर्ट के मुताबिक- इटली के लूका प्रांत के टसकैनी शहर में स्थित यह गांव पिछले 73 सालों से एक झील में डूबा हुआ था. कुछ लोग कहते हैं कि इस गांव में बुरी आत्माएं और भूत थे, इसलिए इसे झील बनाकर डुबो दिया गया था.

1947 से वागली झील में दफन इस गांव का नाम फैब्रिश डी कैरीन. 73 साल से पानी में कैद ये गांव अब तक सिर्फ चार बार दिखाई दिया- 1958, 1974, 1983 और 1994 में. तब बड़ी तदातों में सैलानी यहां पहुंचे थे. 26 साल बाद झील का पानी जब फिर सूख रहा है तो गांव बाहर निकल कर आ रहा है. फैब्रिश डी कैरीन को 13वीं सदी में बसाया गया था. गांव में लोहे का उत्पादन होता था और यहां लोहार रहा करते थे.

1947 में इस गांव के ऊपर एक डैम बना दिया गया था. कहा जाता है कि यहां बुरी आत्माएं थीं, इसलिए गांव को पानी में दफन कर दिया गया. अब डैम को चलाने वाली कंपनी इनेल ने कहा कि हम धीरे-धीरे झील के पानी को खाली कर रहे हैं. ताकि थोड़ी साफ-सफाई हो सके. अगले साल तक यह काम पूरा होगा.

1947 में जब यहां पर हाइड्रोइलेक्ट्रिक डैम बनाया गया तब यहां पर रहने वाले लोगों को पास ही स्थित वागली डी सोटो कस्बे में पुर्नस्थापित किया गया था. फैब्रिश डी कैरीन गांव जब बाहर आएगा तब लोग उसमें 13वीं सदी की इमारतें देख सकेंगे. ये इमारतें पत्थरों से बनी हुई थीं.

इस गांव में आज भी चर्च, सिमेट्री और पत्थरों से बने घर दिखाई देते हैं. लोगों में इसे लेकर काफी उत्साह भी है.