उत्तर प्रदेश में महिलाओं के साथ बढ़ते अपराधों को लगाम लगाने के लिए सरकार ने महिलाओं  'मिशन शक्ति' अभियान शुरू किया है. इसके तहत प्रदेश में 11 एंटी रोमियो दस्ते तैयार किए गए हैं और ये सभी महिलाओं के साथ छेड़छाड़ या कोई होने वाले कोई क्राइम पर नजर रखेंगे. हाथरस में हुए मामले के बाद सरकार एक्शन में आई और यह कदम उठाया गया है.

सरकार को हाथरस में 19 वर्षीय दलित लड़की के साथ कथित सामूहिक बलात्कार और उसकी मौत के मामले में काफी आलोचना का सामना करना पड़ा था. हाथरस के पुलिस अधीक्षक (एसपी) विनीत जयसवाल ने रविवार को पीटीआई-भाषा से कहा, ' जिले में महिला थाना समेत, 11 थाने हैं. 11 एंटी रोमियो दस्ते हैं जिनमें हरेक में पांच पुलिस कर्मी शामिल हैं. एक टीम में तीन महिला और दो पुरुष कर्मी हैं. ये दस्ते महिलाओं और लड़कियों को परेशान करने वाले बदमाशों पर नजर रखेंगी.'

जिला पुलिस प्रमुख ने रविवार को दस्तों के सभी सदस्यों के साथ बैठक की और महिलाओं तथा लड़कियों के खिलाफ अपराध को रोकने की जरूरत पर जोर दिया. पुलिस के एक प्रवक्ता ने बताया कि ये दस्ते बाजार, स्कूलों एवं कॉलेजों, कोचिंग संस्थानों के आसपास, बस स्टैंड तथा पार्क आदि में गश्त करेंगे और महिलाओं एवं लड़कियों का उत्पीड़न रोकेंगे.