अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने व्हाइट हाउस में प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के साथ अपनी पहली व्यक्तिगत बैठक के बाद कहा कि भारत और अमेरिका दुनिया के दो सबसे बड़े लोकतंत्र हैं और दोनों देश सबसे कठिन चुनौतियों को सामना एक साथ करने के लिए प्रतिबद्ध हैं. 

व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में शुक्रवार को दोनों नेताओं की मुलाकात निर्धारित 60 मिनट के बजाय 90 मिनट से ज्यादा देर तक चली. 

बाइडन ने अपने एक ट्वीट में पीएम मोदी के साथ हाथ मिलाते हुए तस्वीर साझा करते हुए कहा, "आज सुबह, हमने अमेरिका-भारत संबंधों के इतिहास में एक नए अध्याय की शुरुआत करते हुए मैंने व्हाइट हाउस में प्रधान मंत्री मोदी की मेजबानी की. हमारे दोनों देश दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र हैं और हम एक साथ सबसे कठिन चुनौतियों का सामना करने के लिए प्रतिबद्ध हैं."

पीएम मोदी ने क्या-क्या बाते कहीं 

अमेरिका के राष्ट्रपति के साथ द्विपक्षीय बैठक में पीएम मोदी ने कहा, "मेरा और मेरे प्रतिनिधिमंडल के गर्मजोशी से स्वागत करने के लिए मैं आपको धन्यवाद देता हूं. पहले भी हमें चर्चा करने का अवसर मिला था और आपने भारत-अमेरिका द्विपक्षीय संबंधों के लिए अपना दृष्टिकोण रखा था. आज आप हमारे संबंधों के अपने विजन को लागू करने के लिए पहल कर रहे हैं." 

पीएम बोले, "मैं देख रहा हूं कि इस दशक में आपके नेतृत्व में हम जो बीज बोएंगे वो भारत-अमेरिका के साथ-साथ पूरे विश्व के लोकतांत्रिक देशों के लिए बहुत ही ट्रांसफॉर्मेटरी रहेगा." मोदी ने आगे कहा, "भारत और अमेरिका के संबंधों में मैं ट्रांसफॉर्मेटरी देख रहा हूं तब मैं देख रहा हूं कि लोकतांत्रिक परंपराओं और मूल्यों के लिए हम समर्पित हैं, वो ट्रेडिशन, उसका महत्व और बढ़ेगा." 

पीएम मोदी ने ट्रेड के महत्व पर बोलते हए कहा, "भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड का अपना महत्व है. इस दशक में ट्रेड के क्षेत्र में भी हम एक दूसरे को काफी मदद कर सकते हैं. बहुत सी चीजें हैं जो अमेरिका के पास हैं जिनकी भारत को ज़रूरत है. बहुत सी चीजें भारत के पास हैं जो अमेरिका के काम आ सकती हैं."

पीएम ने आगे कहा, "ये दशक उस ट्रस्टीशिप के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण है, महात्मा गांधी हमेशा इस बात की वकालत करते थे कि इस प्लेनेट के हम ट्रस्टी हैं. ये ट्रस्टीशिप की भावना भी भारत और अमेरिका के बीच के संबंधों में बहुत अहमियत रखेगी." 

पीएम मोदी और कमला हैरिस की पहली मुलाकात, भारत आने का न्योता दिया, बैठक की प्रमुख बातें

जलवायु परिवर्तन पर पीएम ने आगे कहा, "आपने पदभार संभालने का बाद कोविड हो, जलवायु परिवर्तन हो या क्वाड हो, हर क्षेत्र में एक यूनिक पहल की है जो आने वाले दिनों में बहुत बड़ा प्रभाव पैदा करेगा." 

PM मोदी ने कहा, "मुझे विश्वास है कि आज की हमारी बातचीत में भी इन सभी मुद्दों पर हम विस्तार से विचार विमर्श कर सकते हैं. हम कैसे साथ चल सकते हैं, दुनिया के लिए भी हम क्या अच्छा कर सकते हैं, इसपर हम आज सार्थक चर्चा करेंगे. "

राष्ट्रपति बाइडन ने टीकों पर चर्चा के दौरान अक्टूबर में टीकों का निर्यात फिर से शुरू करने के भारत सरकार के निर्णय की सराहना की. उन्होंने कहा कि अमेरिका ने ही अपने स्वयं के टीकों के वितरण में उल्लेखनीय वृद्धि की घोषणा की थी. क्वाड शिखर सम्मेलन के दौरान भी ये बात उड़कर सामने आई.

बाद में एक तथ्य पत्र में, व्हाइट हाउस ने कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका और भारत स्वतंत्रता, बहुलवाद, खुलेपन और मानवाधिकारों के सम्मान के मूल्यों के लिए प्रतिबद्ध हैं.

PM Modi's US visit: पहले दिन पीएम मोदी ने किस-किस से मुलाकात की और क्या बातें हुईं